गोवा सरकार ने म्हाझे घर योजना के तहत 300 अवैध घरों को किया नियमित
गोवा में म्हाझे घर योजना के अंतर्गत अब तक 300 से अधिक अवैध घरों को नियमित किया जा चुका है। मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने इस बात की घोषणा करते हुए कहा कि अभी भी 10,000 से अधिक आवेदनों का लंबित होना सरकार के लिए बड़ी चुनौती है। जल्द ही इन आवेदनों पर संध जारी करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
यह योजना अक्टूबर 2025 में शुरू की गई थी, जिसका उद्देश्य गोवा में मौजूद 50,000 से अधिक अवैध संरचनाओं को नियमित बनाना है। इससे पहले, इन संरचनाओं के मालिकों को कई प्रशासनिक और कानूनी अड़चनों का सामना करना पड़ता था।
म्हाझे घर योजना सरकार की एक प्रमुख पहल है, जो अवैध निर्माणों को कानूनी मान्यता प्रदान कर लाभार्थियों को सुरक्षित आवास उपलब्ध कराने पर केन्द्रित है। इससे न केवल मकान मालिकों को मुक्ति मिलेगी, बल्कि राज्य में रियल एस्टेट बाजार की पारदर्शिता भी बढ़ेगी।
मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने कहा कि सरकार इस योजना के माध्यम से सामाजिक स्थिरता और आर्थिक विकास को बढ़ावा देना चाहती है। उन्होंने आवेदकों से अपील की है कि वे जल्द से जल्द अपनी आवेदन प्रक्रिया पूरी करें ताकि अतिदेय संध जारी की जा सके।
अवैध निर्माणों की समस्या को संबोधित करते हुए, योजना के तहत औपचारिक रूप से नियम और प्रक्रियाएँ निर्धारित की गई हैं, जिससे मूल निवासी और अन्य हितधारकों को राहत मिलेगी। इस उपाय से राज्य के शहरी विकास में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।
सरकार का लक्ष्य है कि आगामी महीनों में सभी लंबित आवेदनों का निराकरण कर योजना को सफलतापूर्वक पूरा किया जाए। इससे गोवा के निवासियों को बेहतर जीवन स्तर प्राप्त करने में सहायता मिलेगी और अवैध निर्माणों की समस्या पर काबू पाया जाएगा।