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उतराखंड: स्वास्थ्य विभाग को मिले सात और विशेषज्ञ चिकित्सक, चौखुटिया

चौखुटिया, डीडीहाट बीरोंखाल व उप जिला चिकित्सालय गैरसैंण में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी दूर होगी। साथ ही मरीजों को और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत यू कोट वी पे मॉडल के तहत स्वास्थ्य विभाग को सात और विशेषज्ञ चिकित्सक मिल गए हैं। इन विशेषज्ञ चिकित्सकों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चौखुटिया, डीडीहाट, बीरोंखाल व उप जिला चिकित्सालय गैरसैंण में तैनाती दी गई है। विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती से इन अस्पतालों में आने वाले मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलने साथ ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी भी दूर होगी। यू कोट वी पे मॉडल के तहत सात विशेषज्ञ चिकित्सकों का चयन किया गया है।

इनमें एनेस्थेटिस्ट व पीडियाट्रिशियन के 2-2, गायनी के तीन विशेषज्ञ चिकित्सक शामिल है। विभागीय अनुबंध के तहत चयनित इन विशेषज्ञ चिकित्सकों को विभिन्न जनपदों की चिकित्सा इकाईयों में तैनाती दे दी गई है। डॉ.. आर. हेमचन्द्रन (एनेस्थेटिस्ट), डॉ. देविका खत्री (ऑब्स्टेट्रीक एंड गायनी) व डॉ. अनंत गुप्ता (पीडियाट्रिशियन) को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चौखुटिया, अल्मोड़ा में तैनाती दी गई है। इसी प्रकार डॉ. विशाल प्रताप सिंह (एनेस्थेटिस्ट) व डॉ. शिल्पा भानुदास (ऑब्स्टेट्रीक एंड गायनी) को उप जिला अस्पताल गैरसैण, चमोली,  डॉ. ममता थपलियाल (ऑब्स्टेट्रीक एंड गायनी) को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बीरोंखाल, पौड़ी व डॉ. किशन सिंह महर (पीडियाट्रिशियन) को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र डीडीहाट, पिथौरागढ़ में तैनाती दी गई है।

विशेषज्ञ चिकित्सकों के आने से इन अस्पतालों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी दूर होगी साथ ही मरीजों को और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकेंगी। स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा, राज्य सरकार का प्राथमिक उद्देश्य पर्वतीय और सीमांत क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों को भी गुणवत्तापूर्ण और विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो सकें। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने की दिशा में सरकार निरंतर प्रयासरत है। चयनित विशेषज्ञ डॉक्टरों को अधिकतम 3.50 लाख रुपये व न्यूनतम 2.89 लाख रुपये मानदेय दिया जाएगा।

By Ankshree

Ankit Srivastav (Editor in Chief )