युवा क्रांति सेना ने अपने पत्र में कहा है कि दिल्ली मेट्रो राजधानी की जीवनरेखा है, जिससे प्रतिदिन लाखों लोग सफर करते हैं, जिनमें बड़ी संख्या छात्रों की होती है। संगठन ने यह भी उल्लेख किया कि DMRC पहले से ही यात्रियों से प्राप्त किराए और विज्ञापन राजस्व के कारण लाभ की स्थिति में है, ऐसे में यह किराया बढ़ोतरी पूरी तरह अनावश्यक है और छात्रों पर अतिरिक्त बोझ डालती है।
संगठन ने मांग रखी है कि छात्रों को राहत देने के लिए तुरंत विशेष रियायत नीति बनाई जाए, जिसमें छात्रों के लिए निःशुल्क यात्रा सुविधा, या कम से कम 50% किराया छूट, या रियायती पास उपलब्ध कराए जाने का आग्रह किया गया है।

युवा क्रांति सेना के अध्यक्ष ने कहा कि हमें आशा है कि सरकार और डीएमआरसी निश्चित ही इस मुद्दे पर संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल सकारात्मक कदम उठाएगी अन्यथा हम कोर्ट का सहारा लेंगे।