प्राधिकरण ने इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल टाउनशिप में औद्योगिक और ग्रुप हाउसिंग भूखंडों की योजना शुरू की है। जहां बड़ी-बड़ी कंपनियां और बिल्डर निवेश करेंगे। अफसरों का कहना है कि 25 जून से योजना में पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू होगी। वहीं, प्राधिकरण जल्द ही कॉमर्शियल भूखंडों की योजना लाएगा। जो परी चौक के आसपास होगी।
नोएडा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट शुरू होने के बाद हर सेक्टर में निवेश की मांग बढ़ी है। अफसरों ने बताया कि आईआईटीजीएनएल में 8 औद्योगिक भूखंडों की योजना आई है। इसमें पंजीकरण की अंतिम तिथि 24 जुलाई होगी। जबकि ग्रुप हाउसिंग के 2 प्रोजेक्ट है। उसमें पंजीकरण की अंतिम तिथि 16 जुलाई है। औद्योगिक भूखंडों का आवंटन साक्षात्कार और ग्रुप हाउसिंग के भूखंडों का आवंटन ई-नीलामी से किया जाएगा।
अफसरों ने बताया कि यहां पर 10 हजार करोड़ रुपये से अधिक निवेश आएगा। औद्योगिक भूखंडों का क्षेत्रफल 14,830 वर्गमीटर से लेकर 63,610 वर्गमीटर है। ग्रुप हाउसिंग के भूखंड 34,573 और 54,399 वर्गमीटर के हैं। आईआईटीजीएनएल की निदेशक व एसीईओ प्रेरणा सिंह ने बताया कि टाउनशिप में औद्योगिक भूखंडों की मांग बढ़ रही है। इस कारण भूखंडों की संख्या बढ़ाई जा सकती है।

