बिल्डर लिगेसी प्रोजेक्ट पॉलिसी का लाभ लेने के बावजूद परियोजनाएं पूरी करने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। यीडा की आगामी बोर्ड बैठक में इन बिल्डरों पर चर्चा होगी। सात में से केवल तीन बिल्डर ही बकाया भुगतान कर रहे हैं, जिससे 461 घर खरीदारों की लीजडीड हुई है। चार बिल्डरों के मामले शासन या हाई कोर्ट में लंबित हैं, जिससे हजारों खरीदार फंसे हुए हैं। प्राधिकरण इन पर कार्रवाई का निर्णय ले सकता है।
लिगेसी प्रोजेक्ट पॉलिसी लागू होने के बावजूद बिल्डर परियोजना को पूरा कर घर खरीदारों को कब्जा देने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। यीडा की आगामी बोर्ड बैठक में इन बिल्डरों को लेकर प्रस्ताव पर चर्चा हो सकती है। लिगेसी प्रोजेक्ट पॉलिसी के तहत सात बिल्डरों ने लाभ लिया था, लेकिन तीन बिल्डर की प्राधिकरण को बकाया भुगतान कर रहे हैं।
बिल्डर परियोजना में फंसे घर खरीदारों की समस्या हल करने के लिए प्रदेश सरकार ने अमिताभकांत समिति की सिफारिशों पर लिगेसी प्रोजेक्ट पॉलिसी लागू की थी। इसके तहत बिल्डरों को बकाया रकम का 25 प्रतिशत राशि आवेदन के साथ जमा करनी थी। इस राशि के सापेक्ष प्राधिकरण को परियोजना में फ्लैट को अधिभोग प्रमाण पत्र जारी कर खरीदारों के पक्ष में लीजडीड का रास्ता साफ करना था।