आने वाले समय में आरपीएसएफ और आरपीएफ के अन्य केंद्रों पर भी इसी प्रकार के आधुनिक बैरक विकसित किए जा सकते हैं। आरपीएसएफ जवानों की संवेदनशील क्षेत्रों में तैनाती और लंबी ड्यूटी के चलते बेहतर आवास सुविधाएं काफी अहम मानी जाती हैं। वर्तमान में कई स्थानों पर उपलब्ध बैरकों की क्षमता भी सीमित है। इससे जवानों को असुविधा का सामना करना पड़ता है। कई बार को विशेष परिस्थितियों में जवानों को सरकारी भवनों में ठहराया जाता है। आधुनिक तकनीक और मजबूत निर्माण सामग्री का उपयोग
नई बैरक के निर्माण में आधुनिक तकनीक और उच्च गुणवत्ता वाली निर्माण सामग्री का उपयोग किया जाएगा। इसमें स्टील पाइप के साथ फिक्स्ड स्कैफोल्डिंग, वॉल्यूमेट्रिक शटरिंग, उच्च गुणवत्ता वाली सैनिटरी फिटिंग्स, समुचित वॉटरप्रूफिंग समेत कई ऐसी सुविधाएं शामिल होंगी जो भवन की मजबूती, स्थायित्व और उपयोगिता बढ़ाएंगी।वॉल्यूमेट्रिक शटरिंग जैसी तकनीक निर्माण को तेज, सुरक्षित और अधिक टिकाऊ बनाती हैं। वहीं फिक्स्ड स्कैफोल्डिंग से निर्माण कार्य के दौरान श्रमिकों और इंजीनियरों को बेहतर सुरक्षा मिलेगी। यह तकनीक भवन निर्माण में स्थायित्व सुनिश्चित करने में भी सहायक मानी जाती है

