Report By – Himanshu Garg (UP)
देश में अयोध्या में राम मंदिर के उद्घाटन की तैयारी हो रही है। यहीं नहीं आगामी 22 जनवरी को होने वाली प्राण प्रतिष्ठा की तैयारियां भी जोंरो पर हैं। इसको लेकर तमाम प्रमुख हस्तियों को न्योते भी भेजा गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित देश और दुनिया से कई वीवीआईपी मेहमानों के इस प्राण प्रतिष्ठा समारोह में शामिल होने की आशंका है। लेकिन इस समारोह से पहले कांग्रेस नेता सैम पित्रोदा ने राम मंदिर को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोल दिया। कांग्रेस नेता का कहना है कि मोदी सबके प्रधानमंत्री हैं न किसी पार्टी के और यही संदेश भारत के लोग पीएम मोदी से चाहते हैं। मुझे किसी भी धर्म से कोई समस्या नहीं है। कभी-कभार मंदिर जाना ठीक है, लेकिन आप उसे मुख्य मुद्दा नहीं बना सकते।
40 फीसदी लोग बीजेपी को वोट करते हैं
PM मोदी पर निशाना साधते हुए सैम पित्रोदा ने ये भी कहा कि 40 फीसदी लोग बीजेपी को वोट करते हैं जबकि 60 फीसदी लोग भाजपा को वोट नहीं करते हैं। बात बेरोजगारी की होनी चाहिए, महंगाई की होनी चाहिए, साइंस, टेक्नोलॉजी और उसके चुनौतियों पर बात होनी चाहिए। लोगों को तय करना होगा कि असली मुद्दे क्या हैं। क्या राम मंदिर असली मुद्दा है या बेरोजगारी असली मुद्दा है? क्या राम मंदिर असली मुद्दा है या दिल्ली में वायु प्रदूषण असली मुद्दा है?
धर्म को राजनीति से अलग रखने की दरकार
कांग्रेस के अध्यक्ष पित्रोदा ने ये भी कहा कि धर्म को राजनीति से अलग रखने की दरकार है। इस वक्त पूरा देश राम मंदिर पर लटका हुआ है। यह वाकई परेशान करने वाला है। लोगों को सोचना होगा कि क्या वे हिंदू राष्ट्र बनाना चाहते हैं या धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र बनाना चाहते हैं। धर्म एक पर्सनल चीज है। इसे राष्ट्रीय एजेंडे के रूप में पेश नहीं करना चाहिए। एक पीएम हर समय मंदिरों की बात करते हैं. वहां समय बिता रहे हैं। खासकर मुझे इससे परेशानी होती है।
प्रधानमंत्री के राम मंदिर जाने से परेशानी
कांग्रेस नेता ने ये भी कहा कि जब एक प्रधानमंत्री राम मंदिर में शामिल होता है, यह मुझे परेशान करता है। देश में बाकी कई समस्याएं हैं, प्रधानमंत्री को उस पर बात करना चाहिए, वहां जाना चाहिए। मुझे नहीं पता है कि आप किस धर्म का पालन करते हैं लेकिन राजनीतिक लाभ के लिए धर्म का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

