सेक्टर-7 स्थित एक कंपनी में कार्यरत कर्मचारी पर फर्जी बिल और दस्तावेज तैयार कर करीब 50 लाख रुपये का गबन करने का आरोप है। कंपनी प्रबंधन की शिकायत पर कोतवाली फेज-वन पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस का कहना है कि जांच में अन्य कर्मचारियों की भूमिका सामने आने पर उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।सेक्टर-110 निवासी सौम्या नागर ने पुलिस से शिकायत की है कि वह पति के साथ मिलकर गारमेंट फैक्ट्री संचालित करती हैं। 2017 में ओडिशा के भद्रक निवासी अभिमन्यु बिस्वाल को मर्चेंडाइजर के पद पर नियुक्त किया गया था। कोरोना काल के बाद कारोबार में सुधार होने के बावजूद कंपनी की आय अपेक्षित रूप से नहीं बढ़ी। इस पर प्रबंधन ने वित्तीय रिकॉर्ड का ऑडिट कराया।
जांच में सामने आया कि आरोपी कर्मचारी ने कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर फर्जी बिल, चालान और अन्य दस्तावेज तैयार किए। इन दस्तावेजों के आधार पर अधिक उत्पादन दर्शाकर कंपनी से लगातार भुगतान लिया जाता रहा। आरोप है कि करीब तीन वर्षों में इस तरीके से लगभग 50 लाख रुपये का गबन किया गया।

