उत्तर पश्चिम जिला एंटी नारकोटिक्स सेल ने गांजा तस्करी करने वाले दिल्ली विश्वविद्यालय का एक छात्र को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान मूलत: केरल निवासी जसीम सियादुल फरसान एम पी के रूप में हुई है। वह सत्यवती कॉलेज में स्नातक अंतिम वर्ष का छात्र है। पुलिस ने उसके कब्जे से 20 लाख मूल्य की हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया है। शुरुआती जांच में पता चला है कि आरोपी आसानी से पैसे कमाने के लिए गैंग के लिए डिलीवरी बॉय का काम कर रहा था और कॉलेज के छात्रों को भी मादक पदार्थ मुहैया करता था। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर गैंग के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी हासिल कर रही है।
उत्तर पश्चिम जिला पुलिस उपायुक्त आकांक्षा यादव ने बताया कि जिले में अपराध एवं आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए नारकोटिक्स टीमों को विशेष रूप से इलाके में तैनात किया गया था। जो सक्रिय नशा तस्करों की भी पहचान कर रहे थे। इसी बीच पुलिस टीम को विजय नगर डबल स्टोरी स्थित एक पार्क के पास हाइड्रोपोनिक गांजा की बिक्री किए जाने की जानकारी मिली।
निरीक्षक सोमिल शर्मा के नेतृत्व में टीम ने सूचना पर पुलिस ने छापा मारकर सत्यवती कॉलेज के एक छात्र 22 साल के जसीम सियादुल फरसान एमपी को गिरफ्तार कर लिया। वह विजय नगर डबल स्टोरी में किराए पर रहता था। वह मूलत: केरल का रहने वाला है। उसके घर से पुलिस ने 195 ग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया। जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 20 लाख है।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि ऐशो आराम और जल्द पैसा कमाने के लिए कुछ माह पहले वह मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त हुआ। वह गैंग के सरगना से मादक पदार्थ लेने के बाद उसे विभिन्न ग्राहकों को आपूर्ति करता था। पुलिस ने उसके खिलाफ मॉडल टाउन थाने में मामला दर्ज कर लिया।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपी दिल्ली विश्वविद्यालय के सत्यवती कॉलेज का छात्र है तथा वर्तमान में स्नातक 8वें सेमेस्टर की पढ़ाई कर रहा है। उसने बताया है कि वह सत्यवती कॉलेज के छात्रों को भी प्रतिबंधित मादक पदार्थ की आपूर्ति करता था। पुलिस उस व्यक्ति की पहचान करने में जुटी है, जो आरोपी को गांजा का खेप मुहैया करता था। उस आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ही पूरी सिंडिकेट का खुलासा हो पाएगा।

