मुख्यमंत्री ने कहा कि यमुनापार के विकास के लिए बजट में कोई कमी नहीं होने दी जाएगी।दिल्ली सचिवालय में आयोजित बैठक में कैबिनेट मंत्री कपिल मिश्रा, यमुनापार क्षेत्र विकास बोर्ड के अध्यक्ष व विधायक अरविंदर सिंह लवली सहित बोर्ड के अन्य सदस्य मौजूद रहे।मुख्यमंत्री ने कहा कि ट्रांस-यमुना क्षेत्र का विकास दिल्ली सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। सरकार का लक्ष्य यमुनापार को विकसित करना है। यहां पर नागरिकों की बुनियादी आवश्यकताओं सड़कें, जल निकासी व्यवस्था, जलभराव की समस्या और सुरक्षित आवागमन को प्राथमिकता दी जाएगी। पिछली सरकार ने बोर्ड को कर दिया था निष्क्रिय
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पिछली सरकार के कार्यकाल में बोर्ड को पूरी तरह से निष्क्रिय कर दिया गया था, जिसकी वजह से यमुनापार का विकास पूरी तरह ठप हो गया था। अब बोर्ड ने जितने भी कामों की संस्तुति की है, वे सभी कार्य करवाए जाएंगे। आगामी मानसून को ध्यान में रखते हुए खराब सड़कों, ड्रेनेज और जलभराव की समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाएगा। यमुनापार के विकास की दिशा में निर्णायक कदम: कपिल मिश्रा
कैबिनेट मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि बोर्ड को पुनः सक्रिय करना यमुनापार के विकास की दिशा में निर्णायक कदम है। जिस स्तर पर कॉमनवेल्थ गेम्स के दौरान दिल्ली के कुछ हिस्सों में बुनियादी ढांचे का विकास हुआ, उसी स्तर का विकास अब यमुनापार क्षेत्र में भी किया जाएगा। बोर्ड के अध्यक्ष अरविंदर सिंह लवली ने कहा कि यह सामूहिक प्रयास यमुनापार क्षेत्र की बुनियादी तस्वीर बदलने में सहायक सिद्ध होगा।

