मुंबई में 8 वर्षीय बच्ची के साथ यौन उत्पीड़न ने मोड़ा स्थानीय स्तर पर विरोध की लहर
पायधुनी, मुंबई के एक पुलिस थाना के बाहर एक 8 वर्षीय बच्ची के साथ एक सुरक्षा गार्ड द्वारा यौन उत्पीड़न की खबर सामने आने के बाद इलाके के लोगों में गहरा आक्रोश व्याप्त हो गया है। पीड़िता को गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यह घटना स्थानीय निवासियों के बीच भारी हंगामा पैदा कर गई और सैकड़ों लोग पायधुनी पुलिस स्टेशन के बाहर जुटकर आरोपी की सख्त सजा की मांग करने लगे। प्रदर्शनकारियों ने कुछ समय के लिए सड़क को भी बंद कर दिया, जिससे यातायात बाधित हुआ। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए प्रदर्शनकारियों को निरस्त्र किया और सामान्य स्थिति स्थापित की। इसके बाद पुलिस ने परिसर की सुरक्षा भी कड़ी कर दी है ताकि आगे कोई अप्रिय घटना न हो।
महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष राहुल नारवेकऱ ने पुलिस थाने का दौरा किया, जहां कुछ प्रदर्शनकारियों ने उनसे कड़ी कार्रवाई की मांग की। विपक्षी विधायक रोहित पवार ने इस घटना को “अत्यंत निंदनीय और गंभीर” बताया और त्वरित न्याय प्रक्रिया व शक्ति अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन की अपील की।
पवार ने इस मामले की तुलना हाल के उच्च स्तरीय अपराधों जैसे नसरापुर बलात्कार व हत्या मामले से की, तथा न्याय प्रक्रिया को तेज करने और पीड़िता के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की।
पुलिस ने बताया कि शिकायत मिलने के तुरंत बाद ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की जांच जारी है।
नसरापुर मामले में, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया था कि 65 वर्षीय आरोपी को अपराध के 60 दिनों के भीतर तीन बार मृत्युदंड की सजा सुनाई गई थी। इस नवीनतम मामले में भी आरोपी सुरक्षा गार्ड को हिरासत में लिया गया है, पीड़िता का इलाज जारी है, और क्षेत्र में पुलिस तैनाती बढ़ा दी गई है ताकि किसी भी तरह के उथल-पुथल को रोका जा सके।