Report By: ICN Network
महाराष्ट्र की महायुति सरकार ने आम जनता तक योजनाएं और सुविधाएं आसानी से पहुंचाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। अब राज्य की सरकारी सेवाएं व्हाट्सएप के माध्यम से भी उपलब्ध कराई जाएंगी। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि इस व्यवस्था को जल्द से जल्द लागू किया जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि इन सेवाओं की गुणवत्ता पर किसी थर्ड पार्टी एजेंसी के जरिए लगातार नजर रखी जानी चाहिए।
सोमवार को मुख्यमंत्री आवास ‘वर्षा’ पर सेवाओं के सरलीकरण को लेकर समीक्षा बैठक हुई। इसमें मुख्य सचिव राजेश कुमार ने बताया कि प्रमाणपत्र वितरण और अपील जैसी सुविधाओं को अब मल्टी-मॉडल सिस्टम (ईमेल, पोर्टल, व्हाट्सएप) के माध्यम से उपलब्ध कराया जाएगा।
वर्तमान में आपले सरकार पोर्टल पर कुल 1001 सेवाएं उपलब्ध हैं, जिनमें से 997 पहले से ही चालू हो चुकी हैं। सिर्फ पिछले 15 दिनों में ही 236 नई सेवाओं को पोर्टल पर जोड़ा गया है।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि जिस तरह से नागरिक बड़ी संख्या में व्हाट्सएप का इस्तेमाल करते हैं, उसी तरह सभी सरकारी सेवाएं वहां से भी आसानी से उपलब्ध होनी चाहिए। इसके लिए राज्य के सभी तालुकों में “रिंग सिस्टम” तैयार किया जाएगा, जिसमें शुरू में 10 से 12 गांव शामिल होंगे और बाद में जरूरत के अनुसार विस्तार होगा।
मुख्यमंत्री के अहम निर्देश:
बीएमसी की 9 सेवाओं का एकीकरण किया जाए।
सेवा की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए थर्ड पार्टी से नियमित जांच हो।
आवेदन प्रक्रिया में दस्तावेजों की संख्या घटाई जाए।
जिला परिषदों, नगरपालिकाओं और विश्वविद्यालयों के डैशबोर्ड समान हों, ताकि पूरे राज्य में एकसमान अनुभव मिले।
सेवाओं को लागू करने के लिए रिंग और क्लस्टर सिस्टम बनाया जाए।
रिंग प्रबंधन के लिए अलग समूह और टीम का गठन हो।
डिश डिजिटल सेवा हब का इस्तेमाल बढ़ाया जाए।
सरकार का मानना है कि इस पहल से सेवाओं तक नागरिकों की पहुंच और तेज, आसान और पारदर्शी होगी।