आगामी मानसून सीजन को देखते हुए नगर निगम गुरुग्राम ने मानसून से जुड़ी तैयारियों और आपात प्रतिक्रिया को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से मानसून मैनेजमेंट सेल (एमएमसी) का गठन कर दिया है। इस संबंध में निगम आयुक्त प्रदीप दहिया द्वारा औपचारिक आदेश जारी किए गए हैं। यह सेल मानसून के दौरान जलभराव, ड्रेनेज, सीवरेज और अन्य नागरिक समस्याओं से निपटने के लिए योजना, समन्वय, निगरानी और समीक्षा का कार्य करेगा।
मानसून मैनेजमेंट सेल की संरचना
मानसून मैनेजमेंट सेल का गठन आयुक्त के नेतृत्व में किया गया है, जिसमें नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारी और तकनीकी विशेषज्ञ शामिल किए गए हैं। सेल में अतिरिक्त निगमायुक्त-I यश जालुका को सदस्य सचिव नियुक्त किया गया है। इसके अलावा अतिरिक्त निगमायुक्त-III रविंद्र यादव, मुख्य अभियंता विजय ढाका, सभी कार्यकारी अभियंता, सहायक अभियंता तथा पूर्व सीएमजीजीए कंसल्टेंट सुरभि साहू को भी इस सेल का हिस्सा बनाया गया है।
कार्यक्षेत्र और प्रमुख जिम्मेदारियांी
मानसून की तैयारियों को और अधिक सुदृढ़ करने के लिए कंसल्टेंट सुरभि साहू को इंजीनियरिंग विंग से जोड़ा गया है। वे कार्यकारी अभियंता प्रदीप कुमार की देखरेख में विशेष रूप से मानसून प्रिपेयर्डनेस से जुड़े कार्यों को करेंगी। मानसून मैनेजमेंट सेल के तहत एक विस्तृत मानसून प्रिपेयर्डनेस प्लान तैयार किया जाएगा। इसके अंतर्गत डी-सिल्टिंग, ड्रेन सफाई व अन्य मानसून संबंधित सिविल कार्यों के रिकॉर्ड का संकलन और सत्यापन किया जाएगा। इसके साथ ही मानसून सीजन के दौरान आवश्यक मशीनरी की जरूरत और तैनाती का आकलन एवं दस्तावेजीकरण किया जाएगा। सेल की ओर से मानसून की निगरानी और प्रतिक्रिया के लिए एक मानक रिपोर्टिंग फॉर्मेट भी तैयार किया जाएगा। साथ ही पिछले वर्षों के मानसून डाटा का विश्लेषण कर कमियों, बाधाओं और बेहतर कार्यप्रणाली की पहचान की जाएगी।
15 जनवरी तक सौंपा जाएगा पहला ड्राफ्ट