नोएडा, 14 नवंबर 2025: नोएडा इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी (NIU) के स्कूल ऑफ जर्नलिज़्म एंड मास कम्युनिकेशन (SJMC) द्वारा यूथ म्यूज़िक एंड बीटस्वैप – YMCI प्रोड्यूसर बैटल फेस्ट का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में 3,000 से अधिक छात्रों ने उपस्थिति दर्ज कराई। युवाओं की रचनात्मकता, रिद्म और इनोवेशन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित यह विशेष प्रतियोगिता मूल संगीत बीट्स और ट्रैक्स को प्रदर्शित करने का अनूठा मंच साबित हुई।
कार्यक्रम में उपस्थित चांसलर डॉ. विक्रम सिंह ने कहा,
“NIU युवा नवाचार और कला उत्कृष्टता को प्रोत्साहित करने वाले मंच प्रदान करने पर गर्व महसूस करता है। YMCI प्रोड्यूसर बैटल फेस्ट जैसे आयोजन छात्रों को वास्तविक दुनिया के प्रतिभाओं और रचनात्मक अवसरों से जोड़ने की हमारी दृष्टि को साकार करते हैं।”
वाइस-चांसलर प्रो. (डॉ.) उमा भारद्वाज ने अकादमिक और उद्योग सहयोग के महत्व पर जोर देते हुए कहा,
“SJMC ने एक बार फिर अकादमिक शिक्षा को प्रोफेशनल अनुभव से जोड़ने की अपनी प्रतिबद्धता को सिद्ध किया है। ऐसे आयोजन छात्रों में मौलिकता और आत्मविश्वास को बढ़ावा देते हैं और कक्षा से लेकर वास्तविक दुनिया के बीच की खाई को पाटते हैं।”
फिल्म प्रोड्यूसर केतकी पंडित ने विशेष अतिथि के रूप में कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई। छात्रों के साथ उनका संवाद भारत के एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री के रचनात्मक पक्षों को समझने में बेहद उपयोगी रहा।
कार्यक्रम में देश के कई प्रमुख म्यूज़िक प्रोड्यूसर्स—राधा भट्ट (बॉलीवुड अभिनेत्री), सिड शर्मा (बॉलीवुड अभिनेता), राज मेहता, अरुण सिंह चौधरी, आशीष झा, एडम, घातक और क्रैकनबीट्स—ने अपने ओरिजिनल बीट्स और दमदार प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इस मंच ने दिल्ली-एनसीआर के उभरते प्रोड्यूसर्स को अपनी प्रतिभा दिखाने और उद्योग के अनुभवी कलाकारों के साथ सीधे संवाद का अवसर प्रदान किया।
धन्यवाद प्रस्ताव देते हुए, SJMC की डीन डॉ. आरफा राजपूत ने कहा,
“यह आयोजन सहयोग, रचनात्मकता और आत्मविश्वास का उत्सव है। हम अपने सभी विशिष्ट अतिथियों, प्रोड्यूसर्स और छात्रों का धन्यवाद करते हैं जिन्होंने YMCI प्रोड्यूसर बैटल फेस्ट को सफल बनाने में योगदान दिया।”
इस प्रकार के उद्योग-संलग्न आयोजनों के माध्यम से नोएडा इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी और SJMC लगातार छात्रों में रचनात्मक उत्कृष्टता, आलोचनात्मक सोच, संचार कौशल और कलात्मक अभिव्यक्ति को विकसित कर रहे हैं—जिससे युवा सीमाओं से परे सोच सकें और समाज में सार्थक योगदान दे सकें।

