Report By : ICN Network
आखिरकार दिल्ली में बीजेपी ने भगवा लहरा दिया है. आम आदमी पार्टी को बहुत बड़ा झटका लगा है. अब निगाहें BJP की तरफ हैं कि वह किसको मुख्यमंत्री बनाने वाली है. फिलहाल कई लोगों के नाम आगे चल रहे हैं
दिल्ली में 27 साल बाद बीजेपी की जबरदस्त वापसी, आम आदमी पार्टी को भारी हार
राजधानी दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने 27 वर्षों बाद शानदार जीत दर्ज करते हुए आम आदमी पार्टी (AAP) को करारी शिकस्त दी है। चुनाव परिणाम के दिन शुरुआती रुझानों में AAP और बीजेपी के बीच कांटे की टक्कर दिखी, लेकिन जल्द ही बीजेपी ने निर्णायक बढ़त बना ली। अब पूर्ण बहुमत के साथ बीजेपी की सरकार बनने की औपचारिक घोषणा बस कुछ ही देर में होने वाली है।
इससे पहले, विभिन्न एग्जिट पोल्स ने चुनावी माहौल को लेकर तमाम अटकलें तेज कर दी थीं, जिन पर अब मुहर लग गई है। जल्द ही आधिकारिक नतीजे भी सामने आ जाएंगे। आम आदमी पार्टी जहां लगातार चौथी बार सत्ता बचाने की कोशिश कर रही थी, वहीं बीजेपी को 27 साल बाद दिल्ली में वापसी की पूरी उम्मीद थी। इस चुनाव में कांग्रेस फिर से कोई सीट नहीं जीत सकी। दिल्ली की सभी 70 विधानसभा सीटों पर हुए चुनाव में बीजेपी ने शानदार प्रदर्शन किया।
बीजेपी मुख्यालय में जश्न का माहौल, अमित शाह पहुंचे
दिल्ली में बीजेपी की प्रचंड जीत के बाद पार्टी कार्यालय में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बीजेपी मुख्यालय पहुंचकर देश की जनता और पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। इससे पहले, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बीजेपी मुख्यालय पहुंच चुके हैं और वरिष्ठ नेताओं के साथ चुनावी जीत पर चर्चा कर रहे हैं।
बीजेपी नेता मनोज तिवारी का बयान
बीजेपी सांसद मनोज तिवारी ने दिल्ली की ऐतिहासिक जीत पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, “हमें अपने प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा पर गर्व है और हम बीजेपी के हर कार्यकर्ता को इस शानदार जीत के लिए धन्यवाद देते हैं। जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी पर विश्वास जताया है। अब अरविंद केजरीवाल कभी सत्ता में नहीं लौटेंगे।”
बीजेपी की जीत का श्रेय केंद्रीय नेतृत्व को
बीजेपी नेता तेजिंदर सिंह बग्गा ने भी दिल्ली चुनाव में बीजेपी की ऐतिहासिक जीत का श्रेय केंद्रीय नेतृत्व को दिया। उन्होंने कहा, “अगर आम आदमी पार्टी का कोई भी नेता हमारे साथ आना चाहता है, तो उसका स्वागत है, लेकिन बीजेपी को किसी के सहयोग की जरूरत नहीं है। आम आदमी पार्टी और कांग्रेस कभी एक होती हैं, कभी अलग, और यह भी संभव है कि चुनाव के बाद वे फिर से साथ आ जाएं। फिलहाल दोनों की स्थिति अनिश्चित है।”
इस प्रचंड जीत के बाद दिल्ली में बीजेपी कार्यकर्ताओं और समर्थकों के बीच जश्न का माहौल है। अब सभी की निगाहें इस बात पर हैं कि नई सरकार कैसे दिल्ली की राजनीति को आगे लेकर जाएगी

