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NMRC:दोनों मेट्रो में एक कार्ड व्यवस्था लागू करने की तैयारी

नोएडा। नोएडा और दिल्ली मेट्रो में सफर के लिए अब अलग-अलग एप रखने की जरूरत नहीं है। बृहस्पतिवार से नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (एनएमआरसी) एप पर दोनों मेट्रो के क्यूआर कोड टिकट मिलने की शुरुआत हो गई। एनएमआरसी के एमडी डॉ. लोकेश एम ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एक ही टिकट और एक कार्ड से दोनों मेट्रो में सफर की सुविधा उपलब्ध कराने की कवायद जारी है। एनएमआरसी की ओर से जल्द यह सुविधा उपलब्ध करा दी जाएगी।
एमडी ने बताया कि दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) के सारथी एप पर भी अब नोएडा मेट्रो के रूट का टिकट उपलब्ध हैं। एप पर दिल्ली और नोएडा मेट्रो के रूट अभी अलग-अलग दिखेंगे। मेट्रो बदलने के साथ रूट का चयन कर टिकट भी बदलना होगा। अहम है कि एनएमआरसी एक्वा लाइन पर नोएडा सेक्टर-51 से लेकर ग्रेटर नोएडा में डिपो तक 21 स्टेशन के बीच मेट्रो का संचालन कर रहा है। नोएडा मेट्रो का एनएमआरसी एप है। वहीं दिल्ली मेट्रो डीएमआरसी सारथी- मोमेंटम 2.0 नाम से एप है। इसके अलावा दिल्ली मेट्रो ने विभिन्न एप से क्यूआर टिकट देने की सुविधा उपलब्ध कराई हुई लेकिन नोएडा मेट्रो में ऐसा नहीं है। अभी तक क्यूआर टिकट से यात्रा करने वाले यात्रियों को दिल्ली और नोएडा मेट्रो दोनों के एप रखने होते थे। इसी तरह मेट्रो कार्ड भी अलग-अलग हैं। कार्ड एक करने की प्रक्रिया मंत्रालय स्तर पर जारी है।
अभी नहीं बढ़ेगा किराया


एमडी ने कहा कि अभी नोएडा मेट्रो का किराया नहीं बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि नोएडा मेट्रो की सेवा के अभी छह वर्ष हुए हैं। किराया बढ़ाने को लेकर 10 साल बाद विचार किया जाएगा। एनएमआरसी के कार्यकारी निदेशक महेंद्र प्रसाद ने कहा कि एप सुविधा व पहले से चल रही अन्य यात्री सुविधाओं को बेहतर बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी की जा रही है।

ग्रेनो वेस्ट लिए पीआईबी की बैठक, डिपो से बोड़ाकी रूट पर मिट्टी का परीक्षण होगा

एनएमआरसी एमडी ने प्रस्तावित मेट्रो परियोजनाओं की जानकारी भी दी। एमडी ने बताया कि डिपो से बोड़ाकी तक 2.6 किमी के कॉरिडोर की परियोजना को केंद्र सरकार की मंजूरी मिल चुकी है। प्रस्तावित कॉरिडोर पर दो मेट्रो स्टेशन बनाए जाने हैं। इसके लिए मिट्टी के परीक्षण का टेंडर जल्द जारी होगा। वहीं सेक्टर-142 से बोटेनिकल गार्डेन तक 11.56 किमी लंबे रूट की पब्लिक इनवेस्टमेंट बोर्ड (पीआईबी) से मंजूरी मिल गई है। अभी केंद्रीय कैबिनेट की मंजूरी का इंतजार किया जा रहा है। इस रूट पर 8 मेट्रो स्टेशन बनाए जाने हैं। वहीं सेक्टर-51 से नॉलेज पार्क-5 (ग्रेनो वेस्ट) रूट पर केंद्र में पीआईबी की बैठक प्रस्तावित है। 17.34 किमी के इस रूट पर 11 स्टेशन बनाए जाने प्रस्तावित हैं। डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) मंजूरी के लिए केंद्र में है। निर्माण दो चरण में होना है।

By Ankshree

Ankit Srivastav (Editor in Chief )