जिला एवं सत्र न्यायालय में अभ्यास कर रहे अधिवक्ता कुलभूषण भारद्वाज ने जिले में फैले शराब के अवैध ठेकों और उनके अहातों पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने दावा किया है कि ये ठेके बिना फायर एनओसी, भूमि उपयोग परिवर्तन (सीएलयू) और ऑक्यूपेशन सर्टिफिकेट के चल रहे हैं, जो जनसुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है। भारद्वाज ने कहा है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो जनहित में हाईकोर्ट और अन्य वैधानिक मंचों का रुख किया जाएगा।
कुलभूषण भारद्वाज के अनुसार, अधिकांश शराब अहाते निजी कृषि भूमि या ग्रीन बेल्ट इलाकों में अवैध रूप से बने पक्के ईंट-कंक्रीट ढांचों में संचालित हो रहे हैं। हरियाणा आबकारी नीति के साफ प्रतिबंध के बावजूद इनमें लाइव सिंगिंग, डीजे, नृत्य और अन्य मनोरंजन कार्यक्रम धड़ल्ले से हो रहे हैं। लाउडस्पीकर और डीजे सेट रात 3-4 बजे तक बजते रहते हैं, जो ध्वनि प्रदूषण नियम, 2000 और सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का खुला उल्लंघन है।
उन्होंने उपायुक्त गुरुग्राम, आबकारी आयुक्त, पुलिस आयुक्त, मुख्य अग्निशमन अधिकारी समेत वरिष्ठ अधिकारियों को शिकायत भेजी है, जिसकी कॉपी मुख्य सचिव और मुख्यमंत्री हरियाणा को भी दी गई है। शिकायत में अवैध अहातों को फौरन सील करने, लाइसेंस रद्द करने और जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त एक्शन की मांग की गई है