UPSC प्रारंभिक परीक्षा 2026: कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच देशव्यापी आयोजन
नई दिल्ली। संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने रविवार को पूरे देश में सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा 2026 का आयोजन किया। इस वर्ष लगभग 8,19,372 उम्मीदवारों ने इस परीक्षा के लिए पंजीकरण कराया है, जो 933 पदों के लिए फीता काटेंगे।
यूपीएससी की यह प्रारंभिक प्रतियोगी परीक्षा दो सत्रों में ऑफलाइन मोड में आयोजित की गई। पहला पेपर जनरल स्टडीज सुबह 9:30 बजे से शुरू हुआ, जबकि दोपहर में सिविल सर्विसेज एप्टीट्यूड टेस्ट (CSAT) का आयोजन किया गया।
प्रत्येक उम्मीदवार को वैध फोटो पहचान पत्र के साथ एडमिट कार्ड की प्रिंटेड प्रति अपने निर्धारित केंद्र पर प्रस्तुत करनी अनिवार्य है। परीक्षा के दौरान निष्पक्षता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सीसीटीवी निगरानी, जैमर और कड़ी जांच व्यवस्था की गई है, जो पूरे देश में कड़े सुरक्षा मानदंडों के तहत लागू की गई।
अभ्यर्थियों ने परीक्षा में सफल होने की आशा जताई। नई दिल्ली के पुष्प विहार केंद्रीय विद्यालय में परीक्षा देने आए एक उम्मीदवार ने कहा, “मैं थोड़ा घबराया जरूर हूं, लेकिन तैयारी अच्छी करने के कारण आशान्वित हूं।” वहीं, एक अन्य उम्मीदवार ने कहा, “तैयारी कभी खत्म नहीं होती, हम निरंतर प्रयासरत रहते हैं।”
यूपी के प्रयागराज में भी अभ्यर्थी परीक्षा केंद्रों पर समय से पहले पहुंच गए थे। वहां भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। एक युवा उम्मीदवार ने बताया कि केंद्र पर बायोमेट्रिक और रेटिना स्कैन की पूरी जांच होती रही, जिससे परीक्षा की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हुई।
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में यह परीक्षा 21 केंद्रों पर आयोजित की गई, जिसमें लगभग 6,652 उम्मीदवार शामिल थे। इस संबंध में यूपीएससी परीक्षा केंद्र प्रभारी एवं एसडीएम विनोद सिंह ने बताया कि जिले में कुल 21 परीक्षा केंद्र हैं और प्रत्येक केंद्र तक प्रश्नपत्रों की सुरक्षित ढुलाई के लिए आठ रूट इंचार्ज नियुक्त किए गए हैं।
एक परीक्षार्थी ने आईएएनएस से बताया, “मैं परीक्षा को लेकर बहुत उत्साहित हूं और उम्मीद करता हूं कि परिणाम सकारात्मक होंगे।”
UPSC प्रारंभिक परीक्षा 2026 की यह प्रक्रिया सशक्त सुरक्षा और सुव्यवस्थित प्रबंधन के साथ संपन्न हुई, जो देशभर के युवा और प्रशासन दोनों के लिए महत्वपूर्ण घटना है।