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IT कंपनियों में इस साल सैलरी में 3-6% बढ़ोतरी की उम्मीद, HR एक्सपर्ट्स का अनुमान

Report By : ICN Network
रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस साल IT सेक्टर का ऐट्रिशन रेट करीब 12-13% रहने का अनुमान है

भारत के $250 बिलियन के आईटी सेक्टर में वित्त वर्ष 2026 (FY26) के दौरान कर्मचारियों को 3-6 प्रतिशत के बीच सैलरी में मामूली बढ़ोतरी मिलने की संभावना है, हालांकि इस समय कंपनियों में ऐट्रिशन (नौकरी छोड़ने) की दर में वृद्धि देखी जा रही है। HR एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह सैलरी हाइक कंपनियों के रेवेन्यू प्रदर्शन और रिकवरी के मौजूदा ट्रेंड के आधार पर ही हो रही है।

इस साल आईटी सेक्टर में ऐट्रिशन रेट करीब 12-13% रहने का अनुमान है। Xpheno के को-फाउंडर कमल करंथ ने कहा कि आमतौर पर ज्यादा सैलरी हाइक रेवेन्यू ग्रोथ का संकेत देती है, लेकिन वर्तमान स्थिति में यह 3-6% के बीच रह सकती है। पिछले कुछ समय में ग्लोबल अनिश्चितता और डिमांड में गिरावट के कारण कंपनियां पारंपरिक सैलरी हाइक साइकिल से बाहर निकल रही हैं।

पहले अप्रैल-जून में होने वाली सैलरी वृद्धि अब कई कंपनियों ने सितंबर-अक्टूबर में शिफ्ट कर दी है। हालांकि, कुछ हाई-परफॉर्मिंग कर्मचारियों को अच्छी सैलरी हाइक मिल सकती है, लेकिन अधिकांश कर्मचारियों को महंगाई के हिसाब से मॉडरेटेड हाइक मिल सकती है।

भारत की सबसे बड़ी आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने अपनी वार्षिक अप्रेजल साइकिल FY26 के लिए शुरू कर दी है। TCS ने FY25 में एवरेज 7-8% सैलरी हाइक दी थी, जबकि टॉप परफॉर्मर्स को डबल डिजिट बढ़ोतरी मिली थी। वहीं, Infosys ने FY25 के लिए सैलरी हाइक दो चरणों में की है, जिसमें जूनियर कर्मचारियों को जनवरी 2025 में इंक्रीमेंट मिल चुका है और बाकी कर्मचारियों को अप्रैल में बढ़ोतरी मिलेगी। कंपनी के CFO के अनुसार, भारत में औसतन सैलरी हाइक 6-8% के बीच रहेगी।

इसके अलावा, IT सेक्टर में हायरिंग की गति अभी भी धीमी है। सितंबर-अक्टूबर 2024 में थोड़ी रिकवरी दिखी थी, लेकिन अब डिमांड फिर से सुस्त हो गई है। Xpheno के डेटा के अनुसार, वर्तमान में IT सेक्टर में एक्टिव जॉब्स की संख्या 1.22 लाख से थोड़ी ज्यादा है। हालांकि, IT सर्विसेज इंडस्ट्री टैलेंट की डिमांड में पूरी तरह से रिकवरी की स्थिति में नहीं पहुंची है।

आईटी कंपनियों में फिलहाल सावधानी भरा रुख अपनाया गया है, और इनका मुख्य ध्यान कॉस्ट कंट्रोल और टैलेंट रिटेंशन पर है। विशेषज्ञों का कहना है कि सैलरी हाइक मुख्य रूप से हाई परफॉर्मर्स को टारगेट करेगी ताकि बेस्ट टैलेंट को रिटेन किया जा सके।

इन सभी बदलावों को देखकर कहा जा सकता है कि आईटी सेक्टर में कर्मचारियों को उम्मीद के मुताबिक सैलरी हाइक नहीं मिल सकती, और कंपनियां कड़ी आर्थिक परिस्थितियों में अपने बजट और हायरिंग फैसलों में लचीलापन दिखा रही हैं

By admin

Journalist & Entertainer Ankit Srivastav ( Ankshree)