राजधानी में यमुना नदी पर बना सिग्नेचर ब्रिज लंबे समय से आत्महत्या की घटनाओं को लेकर चर्चा में रहा है। अब इस डेथ स्पॉट की छवि बदलने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। ब्रिज का रखरखाव लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने अपने हाथ में ले लिया है। इसके साथ ही पुल पर सुरक्षा के लिहाज से गार्डों की तैनाती भी शुरू हो गई है। बताया जा रहा कि आने वाले दिनों में आत्महत्या की घटनाओं को रोकने के लिए ठोस और स्थायी कदम उठाए जाएंगे।
दरअसल, वर्ष 2019 से अब तक सिग्नेचर ब्रिज से यमुना में कूदकर 26 लोग आत्महत्या कर चुके हैं। लगातार हो रही इन घटनाओं के पीछे सबसे बड़ी वजह पुल के दोनों ओर सुरक्षा जाल का न होना माना जाता रहा है। लोग आसानी से पुल के बीचों-बीच से यमुना में छलांग लगा देते थे। दिल्ली पुलिस भी बीते कई वर्षों से यहां सुरक्षा जाल लगाने और निगरानी बढ़ाने की सिफारिश करती रही है