ईरान के विदेश मंत्री अराघची ने जयशंकर से हालात पर विस्तार से की चर्चा
नई दिल्ली। ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने बुधवार शाम को भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर से टेलीफोन पर संवाद किया। दोनों पक्षों ने मौजूदा वैश्विक और क्षेत्रीय परिस्थितियों पर गहन विचार-विमर्श किया और नियमित संपर्क बनाए रखने पर सहमति व्यक्त की।
विदेश मंत्री जयशंकर ने इस बातचीत की जानकारी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर साझा की और लिखा, “ईरान के विदेश मंत्री अराघची का फोन आया। हमने वर्तमान हालात के विभिन्न पक्षों पर विस्तार से चर्चा की और निरंतर संपर्क बनाए रखने पर सहमति जताई।”
अराघची ने हाल ही में पाकिस्तान, ओमान, और रूस का दौरा किया, जहाँ उन्होंने मिडिल ईस्ट की स्थितियों एवं होर्मुज संकट पर बातचीत की। ओमान में उन्होंने सुल्तान हيثम बिन तारिक अल और विदेश मंत्री सैय्यद बदर बिन हमद अल बुसैदी से मुलाकात की। यहां होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा एवं क्षेत्रीय विकास के महत्व पर विशेष चर्चा हुई।
अराघची ने ओमान में अपने मेजबानों के साथ साझा की गई तस्वीरें और संदेश भी सोशल मीडिया पर पोस्ट किए, जिसमें उन्होंने द्विपक्षीय संबंधों को सुदृढ़ बनाने और सुरक्षित समुद्री मार्ग सुनिश्चित करने पर जोर दिया, जो क्षेत्रीय शांति और समृद्धि के लिए आवश्यक है।
यात्रा के अंतिम चरण में अराघची रूस पहुँचे, जहां सेंट पीटर्सबर्ग में राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मिले। इस बैठक में दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों, क्षेत्रीय मुद्दों तथा अमेरिका और इजरायल के साथ चल रहे तनावपूर्ण हालात पर गहन चर्चा की। पुतिन ने ईरान को अपने अधिकारों की रक्षा के लिए मजबूती से लड़ने वाला बताया और जल्द शांति की कामना की।
रूसी समाचार एजेंसी टीएएसएस के अनुसार, पुतिन ने विश्वास जताया कि मास्को ईरान के साथ अपने संबंधों को और मजबूत करेगा तथा क्षेत्रीय स्थिरता के लिए हर संभव प्रयास करेगा। इस यात्रा से दोनों देशों के बीच कूटनीतिक और रणनीतिक संबंधों में मजबूती आएगी।
यह पहल क्षेत्र में अशांत हालात के बीच सहयोग एवं संवाद के लिए महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। दोनों देशों ने राजनीतिक स्थिरता और आर्थिक विकास को प्राथमिकता देने की प्रतिबद्धता जताई है।