परिषदीय विद्यालयों में गर्मियों की छुट्टी होने के बाद शुक्रवार से जनगणना का काम शुरू हो गया है। शिक्षक अपने क्षेत्र में घर-घर जाकर जनगणना के काम को पूरा कर रहे हैं। साथ ही स्कूलों में विद्यार्थियों के नामांकन बढ़ाने पर भी उनका जोर है। इस दौरान वह स्कूल न जाने वाले बच्चों को भी चिह्नित कर रिकॉर्ड तैयार कर रहे हैं, ताकि स्कूल खुलने के बाद उनका दाखिला कराया जा सके। बेसिक शिक्षा विभाग के स्कूलों में हर साल की तरह इस साल भी शिक्षकों को अपने विद्यालयों में 11 प्रतिशत तक नामांकन बढ़ाने का लक्ष्य मिला है।
स्कूल खुलने पर शुरू होगा अभियान
परिषदीय विद्यालय 15 जून से खुलेंगे। इसके बाद स्कूल चलो अभियान फिर शुरू होगा और विद्यालयों में नामांकन बढ़ाया जाएगा लेकिन जनगणना में लगे शिक्षकों को निर्देश दिए गए हैं कि अगर उन्हें किसी स्कूल न जाने वाले बच्चे की जानकारी मिलती है तो वह उसके माता-पिता को शिक्षा का महत्व बताएं और बच्चे को स्कूल भेजने के लिए प्रेरित करें। वहीं जब जून में स्कूल खुलें तो अनिवार्य रूप से उस बच्चे का एडमिशन विद्यालय में कराएं, जिससे वह अच्छी शिक्षा हासिल कर सके।

