मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने प्रदेश में राष्ट्रीय राजमार्गों तथा सड़कों से जुड़ी प्रमुख परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए सभी परियोजनाओं को गति देने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।
इस समीक्षा में राजधानी लखनऊ को उन सभी जिलों से फोर लेन मार्ग से जोड़ने पर गहन मंथन हुआ जो अभी तक लखनऊ से फोर लेन से नहीं जुड़े हैं। 33 जिला मुख्यालयों के बीच राष्ट्रीय राजमार्गों को चार लेन में विकसित करने के प्रस्तावों पर चर्चा हुई। राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क के विस्तार, दो लेन अथवा दो लेन से कम क्षमता वाले मार्गों को चौड़ा करने पर भी मंथन किया गया।
सोमवार को सात-कालिदास मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास पर आयोजित बैठक में केंद्रीय मंत्री गडकरी ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश की आर्थिक प्रगति का प्रमुख इंजन बनकर उभरा है, इसलिए यहां विश्वस्तरीय सड़क संपर्क विकसित करना केंद्र की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
उन्होंने भूमि अधिग्रहण, वन स्वीकृति, उपयोगिताओं के स्थानांतरण तथा अन्य विभागीय औपचारिकताओं को समयबद्ध निस्तारित करते हुए परियोजनाओं को गति दिए जाने के निर्देश दिए। बरेली बाईपास के काम में वृक्षों की कटान पर उन्होंने कहा कि वृक्षों को काटने के बजाय आधुनिक तकनीक से उन्हें कहीं और लगाया जाए।
सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए उन्होंने कहा कि प्रत्येक राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजना में ब्लैक स्पाट के वैज्ञानिक सुधार, आधुनिक संकेतक व्यवस्था तथा सड़क सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन किया जाना चाहिए। सड़क निर्माण के साथ दुर्घटनाओं में कमी लाने के उपायों पर भी ध्यान दिया जाए।एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने मेंं मददमुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की कई सड़क परियोजनाएं केवल सड़क संपर्क को बेहतर बनाने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि देश की सांस्कृतिक विरासत, धार्मिक पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई ऊर्जा प्रदान करेंगी। प्रत्येक क्षेत्र को उच्च गुणवत्ता वाली सड़कों से जोड़ना राज्य सरकार की प्राथमिकता है।सड़क नेटवर्क का विस्तार प्रदेश को एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने मेंं मदद करेगा। बेहतर राष्ट्रीय राजमार्ग प्रदेश में निवेश, उद्योग, कृषि, पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर सृजित करेंगे।विश्वास व्यक्त किया कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से सभी राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाएं समय से पूरी होंगी और प्रदेश आधुनिक, सुरक्षित तथा विश्वस्तरीय सड़क नेटवर्क के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनेगा।

