बैठक के दौरान उपायुक्त उद्योग द्वारा योजना की अब तक की प्रगति की जानकारी प्रस्तुत की गई। उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए ऋण स्वीकृति एवं वितरण की प्रक्रिया संचालित है, किन्तु कुछ बैंकों द्वारा निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप अपेक्षित प्रगति नहीं की जा रही है।

इस पर मुख्य विकास अधिकारी ने सभी बैंकों को अपने निर्धारित लक्ष्यों के सापेक्ष शीघ्र प्रगति सुनिश्चित करते हुए लक्ष्य पूर्ण करने के निर्देश दिए, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को योजना का लाभ प्राप्त हो सके और वे आत्मनिर्भर बन सकें। उन्होंने कहा कि सभी बैंक अपनी शाखावार प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा और साथ ही बैंकों की शाखावार समीक्षा भी की जाएगी।
बैठक के अंत में अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि योजना की नियमित समीक्षा की जाए तथा पात्र लाभार्थियों को समयबद्ध ढंग से ऋण उपलब्ध कराया जाए, जिससे युवाओं को स्वरोजगार स्थापित करने में सुविधा मिल सके।
बैठक में उपायुक्त में जनपद के विभिन्न बैंकों के क्षेत्रीय प्रबंधक उपस्थित रहे। पंकज निर्वाण, जिला लीड बैंक प्रबंधक राजेश कटारिया एवं संबंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे।

