साइबर ठगों ने राजनगर एक्सटेंशन की एक सोसायटी निवासी उमेश कुमार को मुनाफे का लालच देकर शेयर ट्रेडिंग के फर्जी एप पर निवेश कराकर 18.25 लाख रुपये ठग लिए। वहीं, नंदग्राम में रहने वाले विजय कुमार सैनी ने हेल्थ चेकअप के लिए अपॉइंटमेंट बुकिंग करने के लिए ऑनलाइन सर्च किया तो ठगों ने एपीके फाइल भेजकर मोबाइल से जुड़े बैंक खाते से 89 हजार 600 रुपये निकाल लिए। दोनों पीड़ितों ने ठगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है।एडीसीपी अपराध पीयूष कुमार सिंह ने बताया कि राजनगर एक्सटेंशन की प्लेटिनम 321 सोसायटी निवासी उमेश कुमार के मुताबिक छह मार्च 2026 को अज्ञात कॉलर ने व्हाट्सएप कॉल की। खुद को शेयर ट्रेडिंग में निवेश करने वाली नामचीन कंपनी ग्लोबल प्राइम का प्रतिनिधि बताया। कॉलर ने शेयर ट्रेडिंग में निवेश करने पर मुनाफे का झांसा दिया और ग्लोबल प्राइम जैसी आईडी जी ग्लोबल प्राइम सीएस से उन्होंने टेलीग्राम में जोड़ा।
जहां विशेषज्ञों ने निवेश करने की तरीके बताए। इसके बाद एक फर्जी एप डाउनलोड कराकर नौ मार्च से 14 अप्रैल 2026 के बीच अलग-अलग बैंक खातों उन्होंने 18.25 लाख रुपये शेयर ट्रेडिंग में निवेश किए। रुपये निकालने का प्रयास किया तो असफल रहे। जांच पड़ताल करने पर पता चला कि एप फर्जी है और साइबर ठगों के शिकार हो चुके हैं। पीड़ित ने साइबर थाने में आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कराया है।एपीके फाइल भेजकर 89 हजार रुपये निकालेनंदग्राम क्षेत्र में रहने वाले विजय कुमार सैनी के मुताबिक वह मैक्स हॉस्पिटल वैशाली में प्रेवेटिंग हेल्थ चेकअप के लिए अपॉइंटमेंट बुकिंग के लिए इंटरनेट पर सर्च कर रहे थे। ऑनलाइन नंबर लेकर उन्होंने कॉल की।
कॉल उठाने वाले व्यक्ति ने अपॉइंटमेंट बुकिंग के लिए व्हाट्सएप पर एक एपीके लिंक भेजा। उन्होंने उसमें जानकारी भरी। गड़बड़ लगने पर उन्होंने लिंक डिलीट कर दिया। कुछ दिन बाद उनके खाते से कई बार में 89,600 रुपये निकल गए।एडीसीपी ने बताया कि दोनों पीड़ितों की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया गया है। ठगी गई रकम को फ्रीज कराने का प्रयास किया जा रहा है। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।

