• Wed. Jul 15th, 2026

narebazi

  • Home
  • UP-अयोध्या में एक्सीडेंट नए कानून को लेकर सड़को पर उतरे रोडवेज चालक, सरकार के खिलाफ की नारेबाजी

UP-अयोध्या में एक्सीडेंट नए कानून को लेकर सड़को पर उतरे रोडवेज चालक, सरकार के खिलाफ की नारेबाजी

Report By-Vinod Tiwari Ayodhya (UP) खबर अयोध्या से हैं दुर्घटना के नए कानून को लेकर रामनगरी अयोध्या में भी ड्राइवरो…

UP-फर्रूखाबाद में इंडिया गठबंधन ने किया धरना प्रदर्शन, जमकर नारेबाजी कर किया गुस्से का इज़हार

Report By-Anil Verma Shekhar Farrukhabad (UP) यूपी के फर्रुखाबाद में इंडिया गठबन्धन के पहले धरने में सपा का कब्जा रहा।…

UP-कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हुमायूं बेग को मिली बड़ी ज़िम्मेदारी, प्रदेश अध्यक्ष ने अल्पसंख्यक विभाग में बनाया प्रदेश उपाध्यक्ष

Report By-Naim Ahmad Bijnor(UP) यूपी के बिजनौर के रहने वाले कांग्रेस पार्टी के जाने-माने और लोकप्रियता नेता हुमायूं बेग को…

UP-फ़तेहपुर सड़क में तख्तियां लेकर लोगो ने सड़क बनाने की मांग,केंद्रीय मंत्री के बयान पर जनता ने जताई नाराजगी

Report By-Sandeep Keshrwani Fhatehpur (UP) यूपी के फ़तेहपुर जिले में 2024 के चुनाव को लेकर जिले के जनप्रतिनिधियों को जनता…

UP-बहराइच में डीएम कार्यालय परिसर में प्रमाण-पत्र जारी न होने से नाराज़ ,लोगो ने सैकड़ो जानवर भरकर किया गुस्से का इज़हार

Report By-Sayed Tariq Ahmad, Bahraich (UP) यूपी के बहराइच में धनगर समाज का अनोखा प्रदर्शन उस वक़्त देखने को मिला…

Don't Miss

{“title_results”:[“कर्नाटक सरकार ने बेंगलुरु घनघोर भगदड़ मामले में तीन पुलिस अधिकारियों के खिलाफ मामले वापस लिए”],”content_results”:[“कर्नाटक सरकार ने बेंगलुरु स्टेडियम भगदड़ मामले में तीन आईपीएस अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई हटाईकर्नाटक सरकार ने मंगलवार को 2025 में बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में हुई भगदड़ मामले में तीन भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारियों के खिलाफ चल रही अनुशासनात्मक कार्यवाही को औपचारिक रूप से बंद कर दिया। इस हादसे में 11 लोगों की मौत हुई थी और 50 से अधिक व्यक्ति घायल हुए थे।इस कदम के तहत सरकार ने पूर्व बेंगलुरु पुलिस आयुक्त बी दयानंद, पूर्व अतिरिक्त पुलिस आयुक्त विकाश कुमार विकाश और पूर्व उप पुलिस आयुक्त (सेंट्रल) शेखर एच टेक्कनवर को सभी आरोपों से मुक्त कर दिया। यह निर्णय अधिकारियों की लिखित सफाई और प्रशासनिक विभाग की सिफारिशों की समीक्षा के बाद लिया गया है।यह भगदड़ घटना 4 जून 2025 को चिन्नास्वामी स्टेडियम के गेट नंबर 3 पर हुई थी, जहां रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की इंडियन प्रीमियर लीग जीत का जश्न मनाने के लिए बड़ी संख्या में प्रशंसक इकट्ठा हुए थे। घटना के तुरंत बाद, सरकार ने पांच पुलिस अधिकारियों को “अश्रीर और लापरवाह” होने के आरोप में निलंबित कर दिया था। इन अधिकारियों में दयानंद, विकाश, टेक्कनवर, असिस्टेंट कमिश्नर ऑफ पुलिस सी बालाकृष्ण और कजबन पार्क इंस्पेक्टर ए के गिरिश शामिल थे।28 जुलाई 2025 को विकाश को छोड़कर अन्य सभी अधिकारियों का निलंबन वापस ले लिया गया था। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त विकाश ने इस निलंबन को चुनौती देने के लिए केंद्रीय प्रशासनिक त्रिपाठी न्यायाधिकरण (CAT) का रुख किया, जिसने उनके पक्ष में फैसला सुनाया और सरकार को निर्देश दिया कि वे उनके साथ भी समान व्यवहार करें। इसके बाद राज्य सरकार ने उनकी निलंबन की स्थिति को समाप्त कर दिया।यह निर्णय पुलिस अधिकारियों की जिम्मेदारी और प्रशासनिक प्रक्रिया की गहन जांच के बाद लिया गया है, जिससे स्पष्ट होता है कि मामले में कोई ऐसी लापरवाही नहीं पाई गई जिससे अनुशासनात्मक कार्रवाई आवश्यक हो। इस मामले की समीक्षा से यह भी स्पष्ट हुआ कि पूर्व में लिए गए निर्णयों में न्यायसंगत कारणों की कमी थी।सरकार की यह कार्रवाई न्यायिक प्रक्रिया और तर्कसंगत निर्णय के पक्ष में एक मजबूत संदेश है। साथ ही, यह घटनाओं के प्रति प्रशासनिक जिम्मेदारी और जवाबदेही के मानकों को संतुलित करने का प्रयास भी है।”]}