साइबर थाना पुलिस ने 1.37 करोड़ रुपये की ठगी में शामिल आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी खाता उपलब्ध कराता था। उस खाते में जो भी रकम आती थी, उसका 05 प्रतिशत कमीशन आरोपी को प्राप्त होता था। इस मामले में पांच आरोपियों को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।एडीसीपी पीयूष कुमार सिंह ने बताया कि क्रिप्टो ट्रेडिंग के नाम पर पीड़ित संजय कटियार से 24 जनवरी 2024 से 25 अप्रैल 2024 के बीच 1.37 करोड़ रुपये की ठगी की गई थी। इस मामले में एक मई 2024 को पीड़ित ने साइबर क्राइम थाने पर केस दर्ज कराया था। मामले की जांच में जुटी पुलिस ने 28 जुलाई 2024 को आरोपी प्रदीप कुमार, सुमित कुमार, आकिफ फरहान खान उर्फ मनन को गिरफ्तार किया था। 14 अगस्त 2024 को अमित ककड़िया रंछोड़भाई एवं 23 अगस्त 2024 को मनोज राणा को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। साइबर टीम ने जांच को आगे बढ़ाया तो पता चला कि एक आरोपी खातों को उपलब्ध कराता है।
19 जून को 2026 पुलिस ने गैंग के सदस्य अश्वनी अरोड़ा निवासी गीता कॉलोनी दिल्ली को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वर्तमान में अमेजन प्लेटफॉर्म पर ऑनलाइन चश्मा बेचने का काम करता है। आरोपी ने साथी तरुण धवन के माध्यम से मनोज राणा का मस्टर इंटरप्राइजेस फर्म के नाम पर चालू खाता खुलवाकर, खाते की चेकबुक, एटीएम तथा इन्टरनेट बैंकिंग की यूजर आईडी पासवर्ड तथा खाते से लिंक मोबाइल नंबर मनदीप निवासी विजेन्द्र नगर दिल्ली को साइबर फ्रॉड में प्रयोग करने के लिए दिया था। इस बैंक खाते में होने वाली ट्रांजेक्शन पर आरोपी को 5 प्रतिशत का कमीशन मिलता था। आरोपी मनोज राणा आदि को पूर्व में गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। आरोपी मनदीप की तलाश में पुलिस की टीमें छापे मार रही हैं।

