साकेत में पांच मंजिला इमारत गिरने से भारी तबाही, नवनिर्मित बचाव अभियान में 9 बाहर निकाले गए, एक की मौत
नई दिल्ली। दक्षिण दिल्ली के साकेत मेट्रो स्टेशन के समीप एक पांच मंजिला इमारत के अचानक गिर जाने से बड़ा हादसा हुआ, जिसमें नौ लोग मलबे से सुरक्षित निकाले गए वहीं एक की मौत हुई। राहत एवं बचाव कार्य पूरे समय तेजी से जारी रहा।
यह घटना शनिवार देर शाम पश्चिमी मार्ग पर स्थित सैदुलाजब इलाके में हुई। सूचना मिलते ही दिल्ली अग्निशमन सेवा, राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल, सिविल डिफेंस, पुलिस और अन्य राहत एजेंसियां तुरंत घटनास्थल पर पहुंचीं।
राहत एवं बचाव टीमों ने मिलीभगत से 9 लोगों को मलबे से बाहर निकाला, जिनमें से आठ घायलों का इलाज एम्स ट्रॉमा सेंटर में चल रहा है। दुर्भाग्यवश, एक युवक रवि (26 वर्ष) की अस्पताल में मौत हो गई।
घायलों में गुरुग्राम निवासी तरुण कुमार (26), बिहार की साइका खान (27), सैदुलाजब के नीलम यादव (25), आदित्य शर्मा (24), क्षितिज प्रताप (25), अनुज दीक्षित (25), आस्था (25) एवं विशाल (24) शामिल हैं।
मलबे में दबे बच्चों और अन्य लोगों की संभावित मौजूदगी को देखते हुए खोज अभियान अभी भी जारी है। आपदा प्रबंधन टीम द्वारा भारी मशीनरी से मलबा हटाकर राहत कार्य तेज किया जा रहा है।
जहां यह इमारत गिरकर बगल में स्थित एक टिन शेड वाली कैंटीन को क्षतिग्रस्त कर दिया, वहां बच्चे खाना खा रहे थे, जिससे उनकी जान जोखिम में आ गई।
प्रशासन ने इस घटना की जांच शुरू कर दी है और सुनिश्चित किया है कि प्रभावितों को जरूरी चिकित्सा और सहायता मिले। घटना के कारणों का पता लगाने के लिए विशेषज्ञ जांच दल गठित किया गया है।
दिल्ली अग्निशमन सेवा को इस हादसे की सूचना शाम 7:44 बजे मिली थी, जिसके तुरंत बाद घटनास्थल पर चार दमकल गाड़ियां भेजी गईं। अन्य बचाव एजेंसियां भी फौरी तौर पर संयुक्त अभियान में शामिल हुईं।
यह हादसा दिल्ली में विनियमन और निर्माण सुरक्षा के मुद्दों पर फिर से सवाल खड़े करता है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है।