एससीएलआर चरण 2 के 98% पूर्ण होने के साथ मुंबई का सबसे लंबा पूर्व-पश्चिम लिंक जल्द होगा पूरी तरह कार्यक्षम
मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन डेवलपमेंट अथॉरिटी (एमएमआरडीए) ने शुक्रवार, 29 मई को सांताक्रूज-चेंबूर लिंक रोड (एससीएलआर) परियोजना के दूसरे चरण के तहत विकसित बीकेसी-वाकोला कनेक्टर का निरीक्षण किया। वरिष्ठ अधिकारियों ने निर्माण कार्य की प्रगति की समीक्षा की और ठेकेदारों व परियोजना एजेंसियों को शेष कार्य को सुरक्षा और गुणवत्ता मानकों का पालन करते हुए तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए।
एमएमआरडीए के मेट्रोपॉलिटन कमिश्नर डॉ. संजय मुखर्जी और अतिरिक्त मेट्रोपॉलिटन कमिश्नर-1, विक्रम कुमार द्वारा यह निरीक्षण किया गया। दौरे के दौरान उन्होंने परियोजना स्थल पर चल रहे कार्यों का आकलन किया और बाकी बचे कार्यों की स्थिति का जायजा लिया।
प्रगति का निरीक्षण करने के बाद अधिकारियों ने संबंधित सभी पक्षों को अंतिम चरण के कार्य जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा उपायों का पालन और गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
एमएमआरडीए के अनुसार, सांताक्रूज-चेंबूर लिंक रोड परियोजना का दूसरा चरण अपनी समाप्ति के निकट है, जिसमें लगभग 98 प्रतिशत भौतिक कार्य पूर्ण हो चुका है। यह परियोजना कई वर्षों में विभिन्न चरणों में विकसित की गई है ताकि मुंबई में पूर्व से पश्चिम तक बेहतर कनेक्टिविटी प्रदान की जा सके।
एससीएलआर कॉरिडोर में कई कनेक्टिंग आर्म्स, ऊंचे मार्ग और प्रमुख इंटरचेंज शामिल हैं, जो शहर भर के महत्वपूर्ण परिवहन मार्गों को जोड़ते हैं। यह मुख्य स्थानों के बीच आवाजाही को सुगम बनाने के लिए डिजाइन किया गया है।
जब चरण 2 संचालित होगा, तो यह कॉरिडोर ईस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे, बांद्रा कूरला कॉम्प्लेक्स (बीकेसी), सांताक्रूज, चेंबूर, कलिना और कुरला के बीच निर्बाध कनेक्टिविटी प्रदान करेगा।
यह लगभग 35 मिनट की यात्रा अवधि को कम कर देगा। अंतिम चरण के पूरा होने पर सांताक्रूज-चेंबूर लिंक रोड एक पूर्ण रूप से इंटीग्रेटेड शहरी मोबिलिटी नेटवर्क के रूप में कार्य करेगा।