Nikki Murder CaseNikki Murder Case: ग्रेटर नोएडा के थाना कासना क्षेत्र के सिरसा गांव में दो दिन पहले हुए निक्की हत्याकांड ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। यह मामला अब दो गुटों में बंट गया है—एक तरफ सिरसा गांव के आरोपी पक्ष हैं, जबकि दूसरी तरफ पीड़ित परिवार है जो ग्रेटर नोएडा के रुपबांस गांव के रहने वाले हैं और मृतका निक्की का मायका है।
आरोपी पक्ष का कहना है कि लड़की वालों का “खानदानी पेशा” ही दूसरों को फंसाकर लूटना है। उनका दावा है कि निक्की और उसकी बहन कंचन के बीच पहले से ही झगड़े चलते रहे हैं और इस घटना को इन्हीं ने खुद रचा। गांव वालों का कहना है कि पुलिस जिनके खिलाफ एक्शन ले रही है, उनमें से कई उस समय घर में थे ही नहीं। दहेज के मुद्दे पर भी उनका तर्क है कि हमारे पास किसी चीज की कमी नहीं, तो फिर हम दहेज क्यों मांगेंगे।
सिरसा गांव के निवासी मोनू भाटी, अखिल भाटी और सुनीता भाटी और जोकि आरोपी पक्ष के परिवार के सदस्य है ने भी निक्की के परिवार पर भी उंगली उठाई। उनका आरोप है कि कंचन का भाई अपनी पत्नी को नहीं रखता और उनके बीच केस चल रहा है। जैसे उनके घर में झगड़े हैं, वैसे ही इन लड़कियों ने यहां भी आतंक मचाया और अब खुद घटना करके हमें फंसा दिया। दूसरी ओर, रुपबांस निवासी पीड़ित परिवार का दर्द और गुस्सा साफ झलकता है। मोहित भाटी और राजकुमार भाटी का कहना है कि निक्की और कंचन की शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष दहेज के लिए उन्हें प्रताड़ित करता था। मारपीट, गाली-गलौज और ताने रोज़मर्रा की बात थी। गांव में कई बार पंचायत भी हुई लेकिन कोई हल नहीं निकला। अब हमारी बेटी की जान ले ली गई, परिजनों ने रोते हुए कहा।
घटना पर राजनीति भी तेज हो गई है। भाजपा सांसद डॉ. महेश शर्मा निक्की के घर पहुंचे और परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने कहा, मेरे लोकसभा क्षेत्र में इतनी निंदनीय घटना हुई है। मैंने पुलिस कमिश्नर से बात की है, सभी आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं और दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिलेगी। फिलहाल सिरसा गांव और रुपबांस परिवार के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।