मुंबई: सोने की तस्करी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने अंतरराष्ट्रीय कूरियर के जरिए मुंबई पहुंचे 1.815 किलो सोने को जब्त किया है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 2.89 करोड़ रुपये बताई जा रही है। यह पार्सल सऊदी अरब के रियाद से मुंबई के इंटरनेशनल कूरियर टर्मिनल पर भेजा गया था।
दस्तावेजों में पार्सल को सामान्य मीट ग्राइंडर मशीन बताया गया था। शुरुआत में सब कुछ सामान्य नजर आया, लेकिन अधिकारियों को शक हुआ और उन्होंने विस्तृत जांच की। जब मशीन को खोला गया तो उसके गियर के अंदर 32 छोटे-छोटे कटे हुए सोने के टुकड़े छिपे मिले। कुल 1,815 ग्राम सोना बरामद हुआ, जिसे कस्टम्स एक्ट 1962 के तहत जब्त कर लिया गया। तस्करी में इस्तेमाल की गई मशीन भी सीज कर दी गई।
मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। एक आरोपी कूरियर लेने आया था, जबकि दूसरे ने फर्जी या किसी और के केवाईसी दस्तावेजों के जरिए क्लीयरेंस में मदद की थी। शुरुआती जांच में संकेत मिले हैं कि यह किसी बड़े संगठित तस्करी नेटवर्क का हिस्सा हो सकता है।
अधिकारियों के मुताबिक, तस्कर अब सुरक्षा एजेंसियों को चकमा देने के लिए घरेलू उपकरणों में सोना छिपाने जैसे नए-नए तरीके अपना रहे हैं। डीआरआई ने साफ किया है कि वह अंतरराष्ट्रीय तस्करी गिरोहों पर नकेल कसने और देश की आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह सतर्क है।
इसी कड़ी में, महीने की शुरुआत में डीआरआई ने दिल्ली और अगरतला में बड़ी कार्रवाई करते हुए दुबई और बांग्लादेश से संचालित एक अंतरराष्ट्रीय तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया था। छापेमारी में 29.2 किलोग्राम विदेशी मूल का सोना और करीब 2.90 करोड़ रुपये नकद बरामद किए गए।
6 जनवरी 2026 को विशिष्ट खुफिया जानकारी के आधार पर, गिरोह के एक प्रमुख सदस्य को अगरतला से आ रही दो खेपों की डिलीवरी लेते समय गिरफ्तार किया गया। जांच में 15 किलोग्राम विदेशी सोना मिला, जिसकी कीमत करीब 20.73 करोड़ रुपये आंकी गई।
इसके बाद दिल्ली और अगरतला में कई ठिकानों पर एक साथ तलाशी ली गई, जहां से अतिरिक्त 14.2 किलोग्राम सोना और 2.90 करोड़ रुपये नकद बरामद हुए। कुल मिलाकर लगभग 40 करोड़ रुपये मूल्य का सोना और नकदी जब्त की गई है। इस मामले में अब तक चार और आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।