‘सोम सायर को अपराधी की तरह ले गए’: सीजेपी संस्थापक डिपके ने जन्तर मंतर पर प्रदर्शनकारियों को किया रैली
नई दिल्ली: जिना विवादों में फंसे सोम सायर की गिरफ्तारी को लेकर दिल्ली के जन्तर मंतर पर सीजेपी (सेंट्रल जस्टिस पार्टी) के संस्थापक डिपके ने एक जोरदार रैली कर सरकार पर आरोप लगाए। डिपके ने कहा कि सोम सायर को किसी अपराधी की तरह जबरन ले जाया गया, जो संविधान और कानून व्यवस्था के खिलाफ है। इस दौरान बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी संगठित होकर अपनी आवाज बुलंद करते देखे गए।
रैली में डिपके ने कहा कि लोकतंत्र में संविधान की रक्षा सबसे अहम है और नागरिकों के अधिकारों का उल्लंघन कतई सहनीय नहीं। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका और पुलिस प्रशासन को निष्पक्ष और पारदर्शी रहना चाहिए ताकि किसी भी राजनीतिक या अन्य दबाव में आकर कार्यवाही न की जाए।
उन्होंने उल्लेख किया कि सोम सायर के खिलाफ जो भी आरोप हैं, उनका न्यायसंगत तरीके से खुलासा होना चाहिए, लेकिन अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को दबाना गलत है। इस घटना ने पूरे देश में व्यापक चर्चा छेड़ दी है, जिसमें विपक्षी दलों और मानवाधिकार संगठनों ने भी पुलिस और सरकार की नीतियों की आलोचना की है।
इससे पूर्व, सोम सायर के समर्थकों ने भी कई स्थानों पर प्रदर्शन कर न्याय की मांग की। न्यायपालिका के सामने केस का निष्पक्ष परीक्षण हो, यह सुनिश्चित करना अब प्रशासन की जिम्मेदारी है, ताकि सभी पक्षों का सम्मान बना रहे और कानून का शासन कायम रहे।
समाज के विभिन्न वर्गों से जुड़े लोग इस मामले की गहन समीक्षा की मांग कर रहे हैं ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। यह घटना देश में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और पुलिस प्रशासन की जवाबदेही को लेकर एक महत्वपूर्ण सवाल खड़ा करती है।