पूर्व न्यायाधीश गिरिबाला सिंह दहेज प्रकरण में गिरफ्तारी
भोपाल में दहेज प्रताड़ना का शिकार हुईं ट्विषा शर्मा की मौत से जुड़े मामले में पूर्व न्यायाधीश गिरिबाला सिंह को सीबीआई ने गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी मध्यप्रदेश हाईकोर्ट द्वारा उनकी अग्रिम जमानत रद्द किए जाने के एक दिन बाद हुई है।
ट्विषा शर्मा, नोएडा की 33 वर्षीय पूर्व मॉडल और अभिनेत्री, 12 मई को अपने पति के आवास कटारा हिल्स, भोपाल में मृत पाई गई थीं। इस मामले में पति के परिवार का दावा है कि ट्विषा ने आत्महत्या की जबकि उनके परिवार ने दहेज प्रताड़ना और हत्या का आरोप लगाया है।
22 मई को समरथ सिंह, जो लंबे समय से फरार थे, ने हाईकोर्ट में दायर अग्रिम जमानत याचिका वापस लेकर जबलपुर की एक ट्रायल कोर्ट में आत्मसमर्पण किया। इसके बाद भोपाल पुलिस ने समरथ को गिरफ्तार किया।
गिरिबाला सिंह को प्रारंभ में 15 मई को ट्रायल कोर्ट ने अग्रिम जमानत प्रदान की थी, क्योंकि आरोप उनके पुत्र के खिलाफ थे। हालांकि, राज्य सरकार और ट्विषा के माता-पिता ने इस आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।
बुधवार को न्यायाधीश देव नारायण मिश्रा ने नोट किया कि ट्विषा के परिवार ने केवल पति के खिलाफ ही नहीं, बल्कि गिरिबाला सिंह के खिलाफ भी गंभीर आरोप लगाए हैं। अदालत ने ट्विषा द्वारा अपनी मृत्यु से पहले परिवार को भेजे गए व्हाट्सएप संदेशों का भी हवाला दिया, जिसमें उन्होंने प्रताड़ना संबंधी आरोप व्यक्त किए थे।
सीबीआई द्वारा मामले की जांच जारी है और न्यायिक प्रक्रिया के तहत सभी तथ्यों की विस्तार से जांच की जा रही है। इस मामले ने दहेज विरोधी कानूनों और महिलाओं की सुरक्षा पर फिर से बहस छेड़ दी है।
यह मामला न्याय व्यवस्था और सामाजिक प्रयासों के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती प्रस्तुत करता है, जो समानता और न्याय सुनिश्चित करना चाहते हैं।