बता दे कि मानदेय बढ़ाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर श्रमिकों ने पिछले दिनों कई स्थानों पर प्रदर्शन किया था। इस दौरान कुछ जगहों पर हंगामा, वाहनों में तोड़फोड़, आगजनी और हाईवे जाम जैसी घटनाएं भी सामने आई थीं। हालात को काबू में रखने के लिए पुलिस ने सख्ती बरतते हुए विभिन्न कोतवाली क्षेत्रों से करीब 1050 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इनमें से कुछ आरोपितों पर शांतिभंग की धाराओं में कार्रवाई की गई, जबकि अन्य के खिलाफ तोड़फोड़, आगजनी और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसे गंभीर आरोप दर्ज किए गए हैं। प्रदर्शन के दौरान गिरफ्तार आरोपितों को तीन चरणों में करीब 350-350 की संख्या में जेल भेजा गया था। इससे कुल संख्या 1050 से अधिक पहुंच गई थी। जेल अधीक्षक बृजेश सिंह ने बताया कि शुक्रवार को सुबह करीब 12 बजे तक शांतिभंग की धाराओं में बंद को रिहा करना शुरू कर दिया गया है। आरोपियों की रिहाई के आदेश भी प्राप्त हो रहे हैं
ग्रेटर नोएडा: शांतिभंग की धाराओं में जेल भेजे गए 299 लोगों की रिहाई शुरू हो गई है
बता दे कि मानदेय बढ़ाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर श्रमिकों ने पिछले दिनों कई स्थानों पर प्रदर्शन किया था। इस दौरान कुछ जगहों पर हंगामा, वाहनों में तोड़फोड़, आगजनी और हाईवे जाम जैसी घटनाएं भी सामने आई थीं। हालात को काबू में रखने के लिए पुलिस ने सख्ती बरतते हुए विभिन्न कोतवाली क्षेत्रों से करीब 1050 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इनमें से कुछ आरोपितों पर शांतिभंग की धाराओं में कार्रवाई की गई, जबकि अन्य के खिलाफ तोड़फोड़, आगजनी और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसे गंभीर आरोप दर्ज किए गए हैं। प्रदर्शन के दौरान गिरफ्तार आरोपितों को तीन चरणों में करीब 350-350 की संख्या में जेल भेजा गया था। इससे कुल संख्या 1050 से अधिक पहुंच गई थी। जेल अधीक्षक बृजेश सिंह ने बताया कि शुक्रवार को सुबह करीब 12 बजे तक शांतिभंग की धाराओं में बंद को रिहा करना शुरू कर दिया गया है। आरोपियों की रिहाई के आदेश भी प्राप्त हो रहे हैं

